खोदावंदपुर,बेगूसराय। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खोदावन्दपुर परिसर स्थित प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के कार्यालय कक्ष में गुरुवार को रोगी कल्याण समिति की बैठक आयोजित की गई. बैठक की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष एवं प्रखंड विकास पदाधिकारी मिथिलेश बिहारी वर्मा ने की. बैठक में विकास मद की 5 लाख रुपये की राशि में से लगभग 2.50 लाख रुपये खर्च किए जाने का मामला उठाया गया. समिति सदस्यों ने बताया कि खर्च की गई राशि से संबंधित कोई वाउचर या अभिलेख उपलब्ध नहीं कराया गया. साथ ही पिछली बैठक में लिए गए कई निर्णयों पर भी अपेक्षित कार्य नहीं होने की बात सामने आई. इन मुद्दों को गंभीरता से लेते हुए समिति ने बैठक को स्थगित कर दिया. निर्णय लिया गया कि सभी बिंदुओं की जांच एवं आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध कराने के बाद अगली बैठक में विस्तृत समीक्षा की जाएगी. अगली बैठक की तिथि 12 जून 2026 निर्धारित की गई है. बैठक के दौरान अस्पताल परिसर में निर्माणाधीन नए कार्यालय भवन की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए गए. समिति सदस्यों ने निर्माण कार्य में अनियमितता और घटिया निर्माण सामग्री के उपयोग की शिकायत की, जिसके बाद निर्माण कार्य पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने का निर्णय लिया गया. जानकारी के अनुसार ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट भवन का निर्माण 40 लाख रुपये की प्राक्कलित लागत से कराया जा रहा है. यह कार्य बिहार चिकित्सा सेवाएँ एवं आधारभूत संरचना निगम लिमिटेड के तहत 15 नवंबर 2025 से शुरू हुआ था, जिसे नौ माह के भीतर पूरा किया जाना है. इसका 'फ्लैट्रॉन कंस्ट्रक्शन'निर्माण एजेंसी है. बैठक में बीडीओ ने यह भी सवाल उठाया कि अस्पताल परिसर में पूर्व से बने भवन को किसके आदेश पर तोड़ा गया तथा उससे प्राप्त ईंट, ग्रील और अन्य मलबे की नीलामी या उपयोग की प्रक्रिया क्यों नहीं अपनाई गई. इन सभी बिंदुओं को अगली बैठक में विस्तार से रखने और आवश्यक निर्णय लेने का आश्वासन दिया गया. बैठक में पूर्व मंत्री सह रोगी कल्याण समिति सदस्य अशोक कुमार, किरण देवी, विनिता कुमारी, रंजीत कुमार पासवान, ललित पासवान, मनोज कुमार, गीता कुमारी, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ अनिल प्रसाद, प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक सत्यदर्शी कुमार समेत अन्य कर्मी उपस्थित थे.